Building Materials Price
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Building Materials Price: खुद का घर बनवाने का सुनहरा मौका, सरिया के दाम में आई भारी गिरावट

डेस्क: चाहे घर बनाना (Home Construction) हो या कोई और कंस्ट्रक्शन, मजबूती के लिए सरिया (Iron Rod) सबसे जरूरी चीज है। घरों की छत, बीम और कॉलम आदि बनाने में सरिये का बड़े पैमाने पर इस्तेमाल होता है। अगर आप भी अपना मकान बनाने की सोच रहे हैं तो अब इसमें और देरी न करें। रिकॉर्ड उच्च स्तर से नीचे उतरने के बाद फिर से सरिया (Saria Rate) समेत अन्य भवन निर्माण सामग्रियों के भाव (Building Materials Prices) बढ़ने लगे हैं।

Building Materials Price अभी भी मार्च-अप्रैल के रिकॉर्ड स्तर से काफी नीचे है रेट

कुछ समय पहले 85 हजार रुपये क्विंटल के पार बिक रहा सरिया अभी करीब 60 हजार रुपये क्विंटल से भी निचे गिर चुका था। जो अब फिर से बढ़ने लगा है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक सिर्फ इसी महीने सरिये का भाव कुछ राज्यों में 3000 रुपये प्रति टन तक चढ़ चुका है। इसी तरह सीमेंट के भाव (Cement Price) भी 10-20 रुपये बोरी तक बढ़े हैं। हालांकि अभी भी सरिये को देखें तो यह मार्च-अप्रैल के रिकॉर्ड स्तर से काफी नीचे है।

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इस कारण बढ़ने लगे सरिया के भाव

मार्च-अप्रैल में भवन निर्माण सामग्रियों की कीमतें अपने चरम पर थीं। उसके बाद सरिया (Saria), सीमेंट (Cement) जैसी सामग्रियों की कीमतों में तेजी से नरमी आई। इस महीने के पहले सप्ताह तक सरिया और सीमेंट के भाव लगातार गिरे। सरिया के मामले में तो भाव करीब-करीब आधे हो गए थे। सरिया के भाव में आई इस बड़ी गिरावट से बाजार में डिमांड आ रही है। ट्रेडर्स का कहना है कि भवन निर्माण सामग्रियों की कीमतें कम होने का फायदा उठाकर लोग मकान बनाने का काम शुरू करवा रहे हैं। इससे सरिया समेत सभी सामग्रियों की डिमांड आ रही है। इसी डिमांड से इनके दाम फिर से बढ़ने लगे हैं।

इस वजह से कम हुआ Building Materials Price

दरअसल सरकार ने स्टील पर हाल ही में एक्सपोर्ट ड्यूटी (Export Duty) बढ़ा दी है। इसके कारण घरेलू बाजार में स्टील के उत्पादों (Steel Products) के दाम तेजी से गिरे हैं। सरिया की कीमतों में आई कमी की भी मुख्य वजह यही है। वहीं रियल एस्टेट सेक्टर (Real Estate Sector) के बुरे हालात भी इस समय सहयोग कर रहे हैं। एक के बाद एक कई बड़ी रियल एस्टेट कंपनियां (Real Estate Companies) दिवालिया हो रही हैं। नए प्रोजेक्ट की लॉन्चिंग ऑलमोस्ट ठप है। डेवलपर्स (Developers) के कई पुराने प्रोजेक्ट लटके हुए हैं। छोटे बिल्डर (Builders) भी प्रोजेक्ट नहीं ला रहे हैं। इस कारण ईंट, सीमेंट, सरिया यानी छड़, रेत जैसी चीजों की डिमांड निचले स्तर पर है।

दो सप्ताह पहले तक आ रही थी गिरावट

सरिया अभी भी दो-तीन महीने पहले की तुलना में करीब आधा ही है। मार्च में कुछ जगहों पर सरिये का भाव 85 हजार रुपये टन तक पहुंच गया था। अभी यह शहर के हिसाब से 47,000 रुपये से लेकर 60,000 रुपये प्रति टन तक के भाव में मिल रहा है। सिर्फ लोकल ही नहीं बल्कि ब्रांडेड सरिये का भाव भी पिछले कुछ महीनों में काफी कम हुआ है। अभी ब्रांडेड सरिये का भाव कम होकर 80-85 हजार रुपये प्रति टन चल रहा है, जो मार्च 2022 में 01 लाख रुपये प्रति टन के पास पहुंच गया था।