Khabrilaal News Desk :
दिल्ली – विवेक विहार में हुए भीषण अग्निकांड ने एक खुशहाल परिवार की जिंदगी को पलभर में तबाह कर दिया। जिस घर में जन्मदिन की तैयारियां चल रही थीं, वहां अब मातम पसरा है। परिजनों का कहना है कि अगर परिवार हरियाणा के मानेसर में आयोजित जन्मदिन समारोह में चला गया होता, तो शायद यह दर्दनाक हादसा टल सकता था।
हादसे वाले दिन दीपक के बेटे अनंत का जन्मदिन था। परिवार ने मानेसर में फार्म हाउस बुक कर जश्न की पूरी तैयारी कर ली थी, लेकिन ऐन मौके पर दीपक के छोटे भाई निशांक जैन की तबीयत खराब हो गई। इसी कारण पूरा परिवार दिल्ली में ही रुक गया। रात 12 बजे वीडियो कॉल के जरिए जन्मदिन का केक काटा गया, लेकिन कुछ ही घंटों बाद यह खुशी चीख-पुकार में बदल गई।
एक परिवार के कई सदस्यों की मौत
इस हादसे में अरविंद जैन, उनकी पत्नी अनीता जैन, बेटे निशांक जैन, बहू आंचल जैन और डेढ़ साल के मासूम की दर्दनाक मौत हो गई। परिजनों के अनुसार, यह परिवार लंबे समय से एक साथ रहकर अपना कारोबार संभाल रहा था और खुशहाल जीवन बिता रहा था।
मां ने दी थी बेटे को किडनी
निशांक जैन के जीवन से जुड़ी एक मार्मिक कहानी भी सामने आई है। करीब साढ़े छह साल पहले उनकी किडनी खराब हो गई थी, तब उनकी मां अनीता जैन ने अपनी एक किडनी देकर बेटे की जान बचाई थी। परिवार ने बड़ी मुश्किल से उस संकट को पार किया था, लेकिन इस हादसे ने सब कुछ खत्म कर दिया।
दोस्ती भी हुई खत्म
इस घटना ने रिश्तों के साथ-साथ दोस्ती की डोर भी तोड़ दी। गाजियाबाद निवासी कैलाश जैन, जो अरविंद जैन के करीबी मित्र थे, हादसे की खबर मिलते ही अस्पताल पहुंचे। उन्होंने नम आंखों से बताया कि उनकी 8 साल पुरानी दोस्ती अब हमेशा के लिए खत्म हो गई।
आग ने ली 9 लोगों की जान
रविवार तड़के करीब 3:48 बजे लगी इस भीषण आग में कुल 9 लोगों की मौत हो गई, जिनमें कई एक ही परिवार के सदस्य थे। प्रारंभिक जांच में आग लगने की वजह एसी ब्लास्ट बताई जा रही है। दमकल विभाग की 14 गाड़ियों ने करीब चार घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। इस दौरान 15 लोगों को सुरक्षित बचाया गया, जबकि कई लोग झुलस गए।
Comments (0)