वाराणसी। राष्ट्रीय सेवा योजना, महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ के कबीर प्राकट्य स्थल, लहरतारा में आयोजित सात दिवसीय विशेष शिविर के तीसरे दिन सोमवार को स्वयं सेविकाओं ने आस-पास की बस्तियों में जाकर लोगों को स्वच्छता के प्रति जागरूक किया। साथ ही स्वयं सेविकाओं ने अपनी टोलियों के माध्यम से पसियाना मलिन बस्ती, हरिजन बस्ती, नई बस्ती, बौलिया एवं मिसिरपुरा के विभिन्न परिवारों में जाकर के स्वच्छता से संबंधित विभिन्न पहलुओं पर जानकारी एकत्रित की। सर्वे के बाद छात्राओं ने पोस्टर प्रतियोगिता में प्रतिभाग किया, जो स्वच्छता, नशा मुक्ति, महिला सशक्तिकरण विषयों पर आधारित था।
बौद्धिक सत्र की अध्यक्षता करते हुए काशी विद्यापीठ के कुलानुशासक प्रो. के.के. सिंह ने कहा कि एनएसएस छात्रों में नागरिक कर्त्तव्य की प्रबल भावना विकसित करने में मदद करता है। स्वच्छता अभियान, साक्षरता अभियान और स्वास्थ्य जागरूकता कार्यक्रमों जैसे सामुदायिक सेवा कार्यों के माध्यम से स्वयंसेवक सीखते हैं कि वे केवल व्यक्ति नहीं बल्कि सक्रिय नागरिक हैं। यह नागरिक सहभागिता दीर्घकालिक सामुदायिक देखभाल और सामाजिक जागरूकता को प्रोत्साहित करती है।
समाज कार्य के डॉ. अनिल कुमार ने कहा कि एनएसएस का उद्देश्य छात्रों में सामाजिक जागरूकता पैदा करना और उनके व्यक्तित्व का सर्वांगीण विकास करना है। बौद्धिक सत्र का संचालन यशवि एवं धन्यवाद ज्ञापन सुचिता ने किया। यह शिविर कार्यक्रम अधिकारी प्रो. अनीता, डॉ. भारती कुरील, डॉ. अंजना वर्मा, डॉ. वीणा वादिनी एवं डॉ. एस एंजेला के निर्देशन में संचालित किया जा रहा है।

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